Home छत्तीसगढ़ Cg News : 540 करोड़ के कोल घोटाले में बड़ा एक्शन, कांग्रेस...

Cg News : 540 करोड़ के कोल घोटाले में बड़ा एक्शन, कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल 17 तक पुलिस रिमांड पर

Screenshot_20260709_161624_copy_653x371

रायपुर – छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित कथित कोल घोटाला मामले में आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रदेश कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल को विशेष अदालत में पेश किया। लंबे समय से जांच एजेंसी की निगरानी में चल रहे इस मामले में रामगोपाल अग्रवाल की पेशी को जांच का महत्वपूर्ण चरण माना जा रहा है।

जानकारी के अनुसार, रामगोपाल अग्रवाल पिछले लगभग तीन वर्षों से EOW की गिरफ्त से बाहर थे। इस दौरान जांच एजेंसी लगातार मामले की जांच में जुटी रही और विभिन्न आरोपियों से पूछताछ के साथ दस्तावेजी साक्ष्य भी एकत्र किए गए। हाल ही में EOW ने उनके बेटे वैभव अग्रवाल को पूछताछ के लिए कार्यालय तलब किया था। इसके बाद मामले में तेजी आई और बुधवार को रामगोपाल अग्रवाल स्वयं EOW कार्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने जांच एजेंसी के समक्ष आत्मसमर्पण किया।

सूत्रों के मुताबिक, EOW अधिकारियों ने रामगोपाल अग्रवाल से कई घंटों तक गहन पूछताछ की। पूछताछ के दौरान कथित कोल लेवी, वित्तीय लेन-देन, दस्तावेजों और अन्य आरोपियों से जुड़े पहलुओं पर सवाल किए गए। देर शाम तक चली पूछताछ के बाद उन्हें हिरासत में रखा गया और गुरुवार को विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए विशेष अदालत में पेश किया गया।

EOW का दावा है कि यह मामला राज्य में सामने आए बहुचर्चित 540 करोड़ रुपये के कथित कोल घोटाले से जुड़ा है। जांच एजेंसी पहले भी इस मामले में कई आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई कर चुकी है। अधिकारियों का मानना है कि इस पूरे प्रकरण में कई महत्वपूर्ण जानकारियां और वित्तीय लेन-देन की कड़ियां सामने आई हैं, जिनकी जांच अभी जारी है।

रामगोपाल अग्रवाल का नाम कथित कोल घोटाले के साथ-साथ चर्चित शराब घोटाले की जांच में भी सामने आया है। इन्हीं मामलों के आधार पर EOW और अन्य जांच एजेंसियां लगातार कार्रवाई कर रही हैं। एजेंसी का कहना है कि मामले से जुड़े सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।

विशेष अदालत में पेशी के दौरान सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। अदालत परिसर में पुलिस बल तैनात रहा ताकि किसी प्रकार की अव्यवस्था की स्थिति उत्पन्न न हो। अब अदालत में सुनवाई के दौरान EOW रिमांड की मांग कर सकती है, जिससे जांच एजेंसी को मामले के विभिन्न पहलुओं पर आगे पूछताछ का अवसर मिल सके। कोर्ट ने रामगोपाल अग्रवाल 17 जुलाई तक पुलिस रिमांड में भेज दिया है.

इस घटनाक्रम के बाद प्रदेश की राजनीति भी गरमा गई है। सत्ता धारी पार्टी इस कार्रवाई को भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई बता रहा है, जबकि कांग्रेस की ओर से इस मामले में पहले भी जांच एजेंसियों की कार्रवाई पर सवाल उठाए जाते रहे हैं। आने वाले दिनों में इस प्रकरण को लेकर राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।

फिलहाल सभी की नजर विशेष अदालत के फैसले और EOW की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है। यदि अदालत जांच एजेंसी को रिमांड देती है, तो मामले में कई नए खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित कथित कोल घोटाले की जांच अब एक नए मोड़ पर पहुंचती दिखाई दे रही है।