Rajpal Yadav Cheque Bounce Case: मुंबई। बॉलीवुड अभिनेता राजपाल यादव की मुश्किलें एक बार फिर बढ़ गई हैं। पुराने चेक बाउंस मामले में दिल्ली हाई कोर्ट ने उन्हें कोई राहत नहीं दी है और निचली अदालत द्वारा सुनाई गई सजा को बरकरार रखा है। अदालत के फैसले के बाद अब अभिनेता के दोबारा जेल जाने की संभावना बढ़ गई है। हालांकि, फिलहाल वह अंतरिम जमानत पर बाहर हैं।
दिल्ली हाई कोर्ट की जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा की पीठ ने चेक बाउंस मामले में राजपाल यादव की अपील खारिज करते हुए उनकी सजा को कायम रखा। अदालत ने कहा कि अभिनेता को कई बार अपनी जिम्मेदारियां पूरी करने और बकाया राशि चुकाने के अवसर दिए गए, लेकिन वह ऐसा करने में असफल रहे। कोर्ट ने राजपाल यादव को दर्ज 7 अलग-अलग मामलों में 3-3 महीने की साधारण कैद की सजा सुनाई है। इसके साथ ही प्रत्येक मामले में 1.05 करोड़ रुपये का जुर्माना भरने का आदेश दिया गया है। हालांकि सभी सजाएं एक साथ चलेंगी।
यह पूरा मामला साल 2010 का है, जब राजपाल यादव ने अपनी फिल्म ‘अता पता लापता’ के निर्माण के लिए मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से करीब 5 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सफल नहीं हो पाई, जिसके बाद अभिनेता कंपनी को रकम वापस नहीं कर सके। समय के साथ ब्याज जुड़ने के कारण यह रकम बढ़कर करीब 9 करोड़ रुपये तक पहुंच गई। इसके बाद राजपाल यादव द्वारा दिए गए चेक बाउंस हो गए, जिसके बाद कंपनी ने अदालत का दरवाजा खटखटाया।
कड़कड़डूमा कोर्ट ने पहले राजपाल यादव को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई थी। इसके बाद उन्होंने दिल्ली हाई कोर्ट में अपील की थी और कुछ समय के लिए राहत भी मिली थी। लेकिन बकाया रकम का भुगतान नहीं होने के कारण मामला दोबारा गंभीर हो गया। फरवरी 2026 में राजपाल यादव को इस मामले में जेल भी जाना पड़ा था। करीब 13 दिन जेल में रहने के बाद उन्हें अंतरिम जमानत मिल गई थी। अब हाई कोर्ट के ताजा फैसले के बाद उनकी कानूनी मुश्किलें फिर बढ़ गई हैं।
अदालत के फैसले के बाद अब राजपाल यादव को सजा पूरी करने के लिए दोबारा जेल जाना पड़ सकता है। हालांकि, आगे की कानूनी प्रक्रिया और उपलब्ध विकल्पों को लेकर अभिनेता की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। यह मामला बॉलीवुड के चर्चित आर्थिक विवादों में से एक बन चुका है।




